विराट कोहली ने बनाई नई उपलब्धि, सभी देशों में बनाए वनडे शतक

स्टार भारतीय बल्लेबाज विराट कोहली ने पाकिस्तान के खिलाफ जारी आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी में शतक जड़कर एक और उपलब्धि हासिल की है. वह पहले ऐसे खिलाड़ी बन गए हैं जिन्होंने अपने खेले सभी देशों में वनडे शतक बनाया है.
स्टार भारतीय बल्लेबाज विराट कोहली ने पाकिस्तान के खिलाफ जारी आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी में शतक जड़कर एक और उपलब्धि हासिल की है. वह पहले ऐसे खिलाड़ी बन गए हैं जिन्होंने अपने खेले सभी देशों में वनडे शतक बनाया है. दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में मौजूद दर्शकों ने चेज मास्टर का जादू देखा. विराट ने पाकिस्तानी गेंदबाजों की बखिया उधेड़ दी और 111 गेंद पर नाबाद 100 रन बनाकर टीम को जीत दिलाई.
इस दौरान विराट एक खास क्लब में शामिल हो गए. वह 10 या उससे अधिक देशों में वनडे शतक बनाने वाले चौथे खिलाड़ी बन गए हैं. विराट अब सचिन तेंदुलकर, क्रिस गेल और सनथ जयसूर्या की लिस्ट में शामिल हो गए हैं. विराट ने अब तक 10 देशों में शतक जड़े हैं. सचिन और जयसूर्या ने 12-12 देशों में शतकीय पारियां खेली हैं. वहीं, क्रिस गेल ने 10 देशों में शतक लगाए हैं.
विराट के नाम यूनिक रिकॉर्ड
विराट ने अब तक 10 देशों में वनडे मैच खेले हैं. उन्होंने इन सभी 10 देशों में शतक ठोका है. वह ऑस्ट्रेलिया, बांग्लादेश, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका, श्रीलंका, यूएई, वेस्ट इंडीज, जिम्बाब्वे और भारत में वनडे मैचों में हिस्सा लिया है. इन सभी देशों में उनके नाम कम से कम एक शतक है. यह एक खास रिकॉर्ड है. विराट इकलौते ऐसे बल्लेबाज हैं जिन्होंने जहां-जहां वनडे खेले हैं वहां कम से कम एक शतक जरूर लगाया है.
सचिन और रोहित भी चूके
सचिन तेंदुलकर की बात करें तो वह आयरलैंड, केन्या, कनाडा और वेस्टइंडीज की धरती पर शतक नहीं लगा पाए. सनथ जयसूर्या जिम्बाब्वे, केन्या और मोरक्को में वनडे शतक नहीं बना सके. वहीं, क्रिस गेल बांग्लादेश, आयरलैंड, मलेशिया, पाकिस्तान और श्रीलंका में शतक बनाने में नाकाम रहे. रोहित शर्मा ने 12 देशों में वनडे खेले और 5 में शतक नहीं लगा पाए. वह बांग्लादेश, आयरलैंड, न्यूजीलैंड, पाकिस्तान और वेस्टइंडीज में वनडे शतक नहीं लगा पाए.
कोहली से उम्मीद
विराट कोहली का यह रिकॉर्ड बेहद खास है क्योंकि वह दुनिया के इकलौते बल्लेबाज हैं जिन्होंने अपने खेले सभी देशों में शतक बनाया है. सचिन तेंदुलकर और रोहित शर्मा जैसे दिग्गज भी ऐसा नहीं कर पाए. विराट की निरंतरता और उनकी रनों की भूख उन्हें औरों से अलग बनाती है. कोहली के पास अभी चैंपियंस ट्रॉफी में फाइनल सहित अधिकतम 3 मैच होंगे. उनसे इस दौरान टीम इंडिया और फैंस को बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद है.